दिनांक 27 और 28 जुलाई को डीएसपीएमयू में आईयूएसी, dr श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय, रांची और हेरिटेज सोसाइटी के संयुक्त ततावधान में दो दिवसीय ट्राइबल हेरिटेज कॉन्क्लेव का आयोजन किया जाना है। इस आयोजन में देश के प्रतिष्ठित संस्थाओं और विश्वविद्यालयों के विद्वतजन अपने व्याख्यान के द्वारा जनजातीय संस्कृति और विरासत पर प्रकाश डालेंगे। इस दो दिवसीय कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति dr तपन कुमार शांडिल्य करेंगे। आज इससे संबंधित एक पोस्टर कुलपति dr तपन कुमार शांडिल्य ने जारी किया। मौके पर उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता इस बात की है कि हम अपनी जनजातीय संस्कृति और उसकी विरासत को सहेजे, संरक्षित करें और नई पीढ़ी को उससे अवगत कराएं। यह दो दिवसीय ट्राइबल हेरिटेज कॉन्क्लेव उसी दिशा में एक प्रयास है, जहां देश के विषय विशेषज्ञ इतिहास, दर्शनशास्ञ, साहित्य, कला, पर्यटन और भारतीय ज्ञान प्रणाली पर आपसी विमर्श और संवाद स्थापित करेंगे ताकि इस कॉन्क्लेव की समाप्ति के उपरांत कई सार्थक निष्कर्षों पर पहुंचा जा सकें। उन्होंने आगे कहा कि कला, विज्ञान आदि के सेमिनारों के लगातार आयोजन के बाद यह भी आवश्यक है कि हम संस्कृति और विरासत को इस प्रकार के आयोजनों से सक्रिय रखें । इस कॉन्क्लेव में शामिल होने वाले विद्वतजनों में dr धम्मरत्न, नव नालंदा महाविहार, डीम्ड विश्वविद्यालय, संस्कृत मंत्रालय के अधीन, dr अनंत आशुतोष, अध्यक्ष, हेरिटेज इंडिया, प्रो संजय पासवान, पूर्व कैबिनेट मंत्री, प्रो दीनबंधु पाण्डेय, सदस्य, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ हेरिटेज, dr आनंद वर्धन, बी आर अम्बेडकर विश्वविद्यालय, दिल्ली और प्रो विजय शंकर शुक्ल, बीएचयू है यह जानकारी पीआरओ प्रो राजेश कुमार सिंह ने दी।










