झारखंड सरकार ने मईंयां सम्मान योजना के तहत होली से पहले लाभुकों के खातों में राशि भेजने की घोषणा की है। महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग ने इस प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। जनवरी और फरवरी महीने की राशि 8 मार्च के बाद लाभुकों के खातों में जमा की जाएगी। योजना का मुख्य उद्देश्य सही लाभुकों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है और फर्जी लाभुकों को योजना से बाहर करना है।
जानकारी के अनुसार, दिसंबर 2024 में राशि वितरण के बाद सभी जिलों को लाभुकों का सत्यापन करने का निर्देश दिया गया था। लाभुकों के लिए झारखंड का निवासी होना, आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, राशन कार्ड और आधार लिंक बैंक खाता अनिवार्य था। हालांकि, जनवरी से यह अनिवार्यता लागू होने के कारण कई लाभुकों को राशि नहीं मिल सकी। अब विभाग ने राशन कार्ड के आधार पर राशि ट्रांसफर करने का प्रस्ताव तैयार किया है और राज्य में 40 लाख से अधिक राशन कार्ड का सत्यापन हो चुका है।
दिसंबर 2024 में 56.61 लाख लाभुकों को योजना का लाभ दिया गया था, लेकिन अब इस संख्या में कमी आ सकती है। पलामू प्रमंडल में करीब 2 लाख फर्जी लाभुक मिले, जबकि पूरे राज्य में 5 लाख से अधिक फर्जी लाभुक होने की आशंका है। राज्य सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि होली से पहले सही लाभुकों को राशि मिल जाए। सत्यापन के बाद अयोग्य पाए गए लाभुकों को योजना से बाहर कर दिया जाएगा, जिससे केवल योग्य लाभुकों को ही लाभ मिल सकेगा।










