झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने हाल ही में बार्सिलोना के गावा संग्रहालय का दौरा किया, जो कैटेलोनिया सरकार के संस्कृति विभाग द्वारा संचालित है। इस संग्रहालय का दौरा एक अनूठा अनुभव साबित हुआ, जहां प्रतिनिधिमंडल ने प्राचीन खनन तकनीकों और नवपाषाण युग से जुड़े अद्वितीय अवशेषों का निरीक्षण किया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य यह समझना था कि कैसे पुरानी खदानों को शिक्षा और विज्ञान के लिए पुनः उपयोग में लाया जा सकता है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इन पहलों की सराहना करते हुए झारखंड में भी इस प्रकार की परियोजनाओं की संभावनाओं को तलाशने की इच्छा जताई।

गावा संग्रहालय, जो पहले एक पुराना खनन स्थल था, आज एक महत्वपूर्ण वैज्ञानिक और शैक्षिक केंद्र के रूप में विकसित हो चुका है। यहां की भूवैज्ञानिक संरचनाएं और ऐतिहासिक अवशेष लोगों को विज्ञान, इतिहास और तकनीकों की जानकारी प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें अनुभवात्मक शिक्षा का अवसर भी देते हैं। प्रतिनिधिमंडल ने यह समझा कि कैसे इस संग्रहालय ने अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर को जीवंत रखते हुए इसे सीखने और जागरूकता का केंद्र बना दिया है।
मुख्यमंत्री ने इस पहल को अत्यंत प्रभावशाली बताया और कहा कि झारखंड में भी इस तरह की परियोजनाएं न केवल पर्यावरण संरक्षण में सहायक होंगी बल्कि लोगों में विज्ञान, विरासत और इतिहास के प्रति रुचि और जागरूकता को बढ़ावा देंगी। उन्होंने इस अनुभव को झारखंड के लिए एक प्रेरणा बताते हुए कहा कि इस प्रकार के नवाचार राज्य में शैक्षिक और सांस्कृतिक विकास का मार्ग प्रशस्त कर सकते हैं।










