- *मिड डे मील की गुणवत्ता एवं स्वच्छता को लेकर विद्यालयों में चला सघन जांच अभियान*
गढ़वा। उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी श्री पशुपति नाथ मिश्रा के निर्देश पर जिले में संचालित मिड डे मील की गुणवत्ता, स्वच्छता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों की जांच को लेकर बुधवार को सघन निरीक्षण अभियान चलाया गया। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी, गढ़वा-3 सुश्री किरण हेमब्रम के नेतृत्व में विभिन्न विद्यालयों का निरीक्षण कर भोजन की गुणवत्ता, निर्धारित मेनू, रसोईघर की स्वच्छता, खाद्य सामग्री एवं पेयजल व्यवस्था का जायजा लिया गया।
निरीक्षण के क्रम में सर्वप्रथम उत्क्रमित मध्य विद्यालय, रमना का निरीक्षण किया गया। यहां बच्चों को निर्धारित मेनू के अनुरूप भोजन नहीं दिए जाने की बात सामने आई। रसोईघर में साफ-सफाई की स्थिति भी संतोषजनक नहीं पाई गई। जांच के दौरान सब्जी बनाने में एक्सपायर्ड ‘मॉडर्न’ कंपनी के सब्जी मसाले का उपयोग किए जाने का मामला सामने आया, जिसे तत्काल जब्त कर लिया गया। इस संबंध में संयोजिका रेनू देवी को कड़ी चेतावनी देते हुए भविष्य में खाद्य सामग्री के उपयोग से पूर्व उसकी गुणवत्ता एवं वैधता की जांच सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। विद्यालय में बच्चों के लिए पेयजल के रूप में टंकी के पानी की व्यवस्था पाए जाने पर स्कूल प्रबंधन को आवश्यक सुधार हेतु सख्त निर्देश दिए गए।
इसके बाद कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, रमना का निरीक्षण किया गया। यहां रसोईघर में साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक पाई गई तथा छात्राओं को निर्धारित मेनू के अनुसार भोजन उपलब्ध कराया जा रहा था। भोजन निर्माण में प्रयुक्त तेल एवं मसाले भी मानकों के अनुरूप पाए गए। विद्यालय में छात्राओं के लिए पेयजल की समुचित व्यवस्था हेतु फिल्टर एवं आरओ की सुविधा उपलब्ध थी।
इसके उपरांत पीएम श्री राजकीय मध्य विद्यालय, सिलिदाग-1, रमना का निरीक्षण किया गया। यहां रसोईघर की व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाई गई तथा निर्धारित मेनू के अनुरूप भोजन नहीं दिए जाने की जानकारी मिली। जांच के दौरान बच्चों को भोजन की निर्धारित मात्रा से कम भोजन मिलने की बात भी सामने आई। इस पर संयोजिका एवं विद्यालय प्रभारी को कड़ी हिदायत देते हुए बच्चों को निर्धारित मात्रा एवं गुणवत्ता के अनुरूप भोजन उपलब्ध कराने तथा रसोईघर की व्यवस्था में सुधार करने का निर्देश दिया गया। विद्यालय में पेयजल के लिए चापाकल की व्यवस्था पाई गई।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुश्री किरण हेमब्रम ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिले के सभी मिड डे मील केंद्रों में खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाए। भोजन तैयार करने में गुणवत्तापूर्ण एवं वैध खाद्य सामग्री का ही उपयोग करने, निर्धारित मेनू एवं मात्रा के अनुसार बच्चों को भोजन उपलब्ध कराने तथा रसोईघर एवं पेयजल व्यवस्था में स्वच्छता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया। निरीक्षण टीम में खाद्य सुरक्षा कार्यालय के विवेक तिवारी एवं संतोष कुमार भी शामिल रहे।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि विद्यालयों में संचालित मिड डे मील की गुणवत्ता, स्वच्छता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों को लेकर निरीक्षण अभियान आगे भी जारी रहेगा।










