पटना : नीतीश सरकार ने आज बड़ा फैसला लिया है। राज्य सरकार ने युवाओं के लिए रोजगार के द्वार खोल दिये हैं। बिहार में 178036 शिक्षकों की बहाली बहुत जल्द होने वाली है। दरअसल, आज यानि 2 मई को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई। जिसमें कुल 18 एजेंडों पर मुहर लगी। बैठक में मुख्य रूप से शिक्षक बहाली था, जिस पर नीतीश सरकार ने अपनी मुहर लगा दी है। अब शिक्षक बहाली का मामला बीपीएससी (BPSC) के पाले में है।
इन महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मिली मंजूरी
कैबिनेट की बैठक में सरकार ने पशु एवं मत्स्य संसाधन, पंचायती राज, नगर विकास एवं आवास, परिवहन, वित्त, समाज कल्याण, सहकारिता, स्वास्थ्य, शिक्षा, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण, गृह और परिवहन विभाग के महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर अपनी मंजूरी दे दी है।
शिक्षक बहाली को लेकर कैबिनेट की बैठक पर थी पूरे बिहार की नजर
दरअसल, मंगलवार को नीतीश कैबिनेट की बैठक पर पूरे बिहार की नजर थी। क्योंकि माना जा रहा था कि शिक्षक नियमावली 2023 की संपुष्टि इसमें की जाएगी। बिहार कैबिनेट ने इस पर अपनी स्वीकृति दे दी है। शिक्षा विभाग की ओर से यह प्रस्ताव कैबिनेट की बैठक में रखा गया। सीएम नीतीश कुमार ने इस पर अपनी सहमति दे दी। अब बीपीएससी (BPSC) 1 लाख 78 हज़ार 36 शिक्षकों की बहाली की प्रक्रिया शुरू करेगा।
मई के अंतिम सप्ताह में बीपीएससी शिक्षक बहाली परीक्षा का जारी करेगा विज्ञापन
माना जा रहा है कि सबसे पहले परीक्षा का सिलेबस तैयार किया जाएगा। अनुमान के मुताबिक 10 मई तक परीक्षा के स्वरूप, प्रारूप, पूछे जाने वाले प्रश्नों से संबंधित जानकारी सार्वजनिक कर दी जाएगी, ताकि शिक्षक अभ्यर्थी समय से तैयारी कर सकें। अनुमान के मुताबिक मई के अंतिम सप्ताह में बीपीएससी की ओर से बहाली परीक्षा का विज्ञापन प्रकाशित कर दिया जाएगा। सरकार ने पहले ही संकेत दिया था कि जून-जुलाई में बहाली की प्रक्रिया चलेगी जुलाई के अंत तक इसे पूरा कर लिया जाएगा।
इतने शिक्षकों का पद किया गया सृजन
कैबिनेट में कक्षा 1 से 5, कक्षा 6 से 8, हाईस्कूल और 11वीं 12वीं के अलग-अलग संवर्गाे में शिक्षकों का पद सृजन किया गया है। पहली से पांचवी कक्षा के लिए 85,477 पद, कक्षा 6 से 8 के लिए 1745 पद सृजन की स्वीकृति मिली है। नवमी, दसवीं और ग्यारहवीं बारहवीं के लिए कुल 90804 पदों के सृजन पर स्वीकृति की मिली है।
TET, STET पास अभ्यर्थियों को BPSC की परीक्षा करना होगा पास
यह साफ हो गया है कि शिक्षक बहाली के लिए टीईटी, एसटीईटी पास अभ्यर्थियों को BPSC की परीक्षा पास करना पड़ेगा। ऐसे उनकी बहाली नहीं होगी। शिक्षक संगठनों और अभ्यर्थियों के विरोध को सरकार ने बिल्कुल दरकिनार कर दिया और उन पर कोई ध्यान नहीं दिया।
नियोजित शिक्षक के संगठनों ने किया विरोध का एलान
इस बीच शिक्षक अभ्यर्थी और नियोजित शिक्षक के संगठनों ने एक बार फिर विरोध का एलान किया है। नियोजित शिक्षक संघ के नेता बंशीधर ब्रजवासी ने कहा है कि शिक्षकों के साथ छलावा है। इसे इस स्वरूप में कतई स्वीकार नहीं किया जाएगा। शिक्षक और अभ्यर्थी इसका विरोध करेंगे।









