पटना : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार विपक्षी एकता को और मजबूत करने के लिए आज ओडिशा के लिए रवाना हो गये। वे ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक से मुलाकात करेंगे। मुख्यमंत्री के साथ जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह, बिहार के डिप्टी ब्ड तेजस्वी यादव और संजय झा भी मौजूद हैं। तीनों नेता विशेष विमान से भुवनेश्वर के लिए रवाना हुए हैं। सभी विपक्षी एकता को मजबूत करने के मुद्दों पर नवीन पटनायक से बात करेंगे।
CM नीतीश की नवीन पटनायक से अच्छे रिश्ते
इससे पहले उन्होंने विपक्षी नेताओं को एक मंच पर लाने के लिए कई मुख्यमंत्रियों से मुलाकात कर चुके हैं। पिछले दिनों बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात की थी। बीजेपी ओडिशा की प्रमुख विपक्षी पार्टी है। इसके बाद भी नवीन पटनायक के बीजेपी नेताओं खासकर पीएम नरेंद्र मोदी से अच्छे रिश्ते हैं। हालांकि, नीतीश कुमार भी नवीन पटनायक से अच्छे रिश्ते की बात कह चुके हैं।
गठबंधन की राजनीति पर विश्वास नहीं करते नवीन पटनायक
हालांकि, ओडिशा के मुख्यमंत्री गठबंधन की राजनीति पर कभी विश्वास नहीं करते है। वे हमेशा अपना अलग स्टैंड लेने के लिए जाने जाते हैं। ऐसे में नीतीश के लिए नवीन पटनायक को विपक्षी एकता के लिए मनाना टेढ़ी खीर है। वहीं, 13 मई को CM नीतीश मुंबई में पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और NCP प्रमुख शरद पवार से मुलाकात कर सकते हैं।
लगातार पांच बार से सीएम हैं नवीन पटनायक
नवीन पटनायक पूरे देश में अकेले ऐसे मुख्यमंत्री हैं, जो अपने राज्य की भाषा उड़िया न तो बोल पाते हैं और न ही लिख सकते हैं। इसके बावजूद लोग उन्हें लगातार पांच बार जीता चुके हैं। वे हर बार पहले के मुकाबले अधिक वोटों से जीतते हैं। ओडिशा के मुख्यमंत्री पिछले कुछ समय में बीजेपी और कांग्रेस दोनों मुख्य राष्ट्रीय पार्टियों से बराबर की दूरी बनाकर अपनी राजनीति कर रहे हैं।
मुंबई भी जाएंगे CM नीतीश
नवीन पटनायक से मुलाकात के बाद नीतीश कुमार महाराष्ट्र के पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे और शरद पवार से मिलने महाराष्ट्र भी जा सकते हैं। दोनों नेताओं से उनकी मुबंई में मुलाकात की बात कही जा रही है। संभवत 13 मई को सीएम मुंबई जाएंगे।
इस संभावित मुलाकात से पहले बिहार विधान परिषद के सभापति देवेश चन्द्र ठाकुर ने मुंबई में इन दोनों नेताओं से मुलाकात की थी। वहीं, नीतीश कुमार इससे पहले मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, ममता बनर्जी, अखिलेश यादव, अरविंद केजरीवाल और लेफ्ट के कई नेताओं से मुलाकात कर चुके हैं।









