खूंटी : झारखंड दौरे के दूसरे दिन गुरुवार पूर्वाह्न 10ः00 बजे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू खूंटी पहुंचीं। उन्होंने सबसे पहले स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा तैयार सामग्रियों का अवलोकन किया और एक-एक स्टॉल पर जाकर हर उत्पाद की जानकारी ली। उसके बाद 25 हजार महिलाओं के संवाद किया।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अपने संबोधन में कहा कि इस सम्मेलन का उद्देश्य राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया में जनजातीय समुदाय की महिलाओं और सहायता समूह के योगदान के स्मरण करना और आने वाले पीढ़ियों को जनजाति समुदाय की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने इस आयोजन के लिए केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा और उनकी टीम को बधाई दी। राष्ट्रपति ने कहा यह सुखद संयोग है अर्जुन मुंडा खूंटी क्षेत्र के सांसद हैं। झारखंड राज्य अलग होने के बाद यहां आदिवासी ही मुख्यमंत्री रहे, शायद एक ही बार किसी दूसरे समूह के मुख्यमंत्री थे। 28 एमएलए आदिवासी हैं।
‘…मेरे शरीर में झारखंड का खून बहता है’
राष्ट्रपति ने कहा कि मैं खुश हूं कि आज आदिवासी कल्याण जनजाति मंत्री अर्जुन मुंडा हैं। खुशी इस बात की भी है कि झारखंड सरकार में महिला विकास मंत्री जोबा मांझी के पास हैं। मैं आशा करती हूं कि आने वाले दिनों में यहां की महिला समूह और प्रगति करेगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि मैं ओडिशा की जरूर रहने वाली हूं, लेकिन मेरे शरीर में झारखंड का ही खून बहता है। क्योंकि जोबा मांझी जिस घर की बहू हैं उसी घर की मेरी दादी थी। उन्होंने कहा मेरा सौभाग्य है कि मैं इसी धरती का राज्यपाल बनीं और फिर अपनी इस सरजमीं पर आज राष्ट्रपति बनकर आई हूं।
सीएम हेमंत ने की हो, मुंडा भाषा को आठवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि हो, मुंडा भाषा को आठवीं अनुसूची में शामिल किया जाए। इनकी सभ्यता, संस्कृति को आगे बढ़ाने में मदद करें। उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में लगभग 225 महिला हेल्प ग्रुप हैं लेकिन महिलाओं को इसका सही लाभ नहीं मिल पा रहा है। 14 हजार से अधिक गांव हैं, जो वन उपज है लेकिन बिचौलिया कम दाम पर उनसे खरीद कर महंगे दाम पर बेचते हैं।
सीएम हेमंत ने की केंद्रीय अर्जुन मुंडा की जारीफ
सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि आदिवासियों के लिए बनने वाली सभी योजनाएं सिर्फ कागजों पर चल रही हैं। हालांकि, उन्होंने जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा के काम की तारीफ की। साथ ही कहा कि जबसे अर्जुन मुंडा मंत्री बने हैं तबसे वे आदिवासियों के हित के लिए काम कर रहे हैं। मैं उम्मीद करता हूं कि जब तक यह मंत्री रहेंगे झारखंड की सक्रियता बनी रहेगी। सोरेन ने कहा कि आदिवासी समाज को जंगल उपज का मूल्य कैसे मिले और आदिवासी समाज कैसे समृद्ध हो इसको लेकर जो विभाग काम कर रहा है।
सभी महिलाओं को शिक्षित और आगे बढ़ाना – अर्जुन मुंडा
केंद्रीय आदिवासी कल्याण मंत्री अर्जुन मुंडा ने मंच को संबोधित करते हुए कहाा स्वयं सहायता समूह के माध्यम से सभी महिलाओं को शिक्षित और आगे बढ़ाना है। हमारी पहचान जल, जंगल और जमीन है। जिसे कायम रखना है। खूंटी के 254 गांव को आदि आदर्श ग्राम बनाया जाएगा। जनजातीय इलाकों में स्वास्थ्य के क्षेत्र में अभियान चलाया जा रहा है, और बेहतर काम किया जा रहा है।









