- ▫️अबुआ आवास योजना में राशि की फर्जी निकासी का मामला, जाँच प्रक्रिया में हुई शिकायतों की पुष्टि
- ▫️प्रखंड चिनियाँ के आधा दर्जन कर्मियों पर एक साथ की गई दंडात्मक कार्रवाई
- ▫️प्रखंड विकास पदाधिकारी, चिनियाँ को उपायुक्त ने कार्यप्रणाली में सुधार लाने की दी हिदायत
उपायुक्त दिनेश यादव द्वारा सरकारी दायित्वों के प्रति लापरवाही बरतने एवं योजना अंतर्गत फर्जी निकासी करने के दोषी पाए जाने वाले कर्मियों के विरुद्ध चिनियाँ प्रखंड के आधा दर्जन कर्मियों व जनप्रतिनिधि पर दंडात्मक कार्रवाई की गई है।
विदित हो कि प्रखंड चिनियाँ के पंचायत डोल में अबुआ आवास योजना का फर्जी कोड बनाकर मनरेगा मद से मजदूरी राशि की निकासी एवं पूर्व में डोभा का बिना निर्माण कराए ही फर्जी भुगतान किए जाने का मामला प्रकाश में आने के उपरांत उक्त मामले की जांच जिला स्तरीय पदाधिकारियों द्वारा कराई गई। जाँच प्रक्रिया में सभी आरोपों की पुष्टि हुई। फलस्वरुप सभी संबंधित कर्मियों एवं जनप्रतिनिधि को अपना पक्ष रखने हेतु स्पष्टीकरण किया गया। उक्त के आलोक में प्राप्त स्पष्टीकरण का जवाब असंतोषजनक पाए जाने की स्थिति में सभी पर दंडात्मक कार्रवाई की गई।
उपरोक्त मामले के अंतर्गत डंडई प्रखंड के डोल ग्राम पंचायत की मुखिया पुष्पा देवी पर अबुआ आवास के लाभुक नहीं रहने के बाद भी मनरेगा सॉफ्ट में फर्जी तरीके से वर्क कोड बनाकर मनरेगा अंतर्गत मजदूरी मद की राशि अवैध तरीके से निकासी किए जाने के आरोप में उपायुक्त श्री यादव द्वारा ग्राम पंचायत मुखिया को निलंबित करने हेतु निदेशक, पंचायती राज झारखंड सरकार, रांची को अनुशंसा किया गया है। इसी प्रकार अरुप कुमार मंडल पंचायत सचिव ग्राम पंचायत डोल प्रखंड चिनियाँ को भी उक्त अनियमितता का आरोपी पाते हुए एवं कार्यों के प्रति लापरवाही, शिथिलता एवं गलत कार्यशैली प्रदर्शित होने के विरुद्ध झारखंड सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2016 के नियम 9(1) के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया तथा निलंबन अवधि के दौरान इनका मुख्यालय प्रखंड कार्यालय डंडई निर्धारित किया गया है। रोशन कुमार (बीपीओ) प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा), चिनियाँ को उक्त मामले में दोषी पाये जाने पर तत्काल प्रभाव से कार्य मुक्त कर दिया गया। इसके अतिरिक्त चिनिया प्रखंड के ही ग्राम पंचायत डोल के तत्कालीन ग्राम रोजगार सेवक अनूप सिंह एवं वर्तमान ग्राम रोजगार सेवक श्रवण करकेट्टा को मामले में दोषी पाए जाने के उपरांत तत्काल प्रभाव से कार्य मुक्त करने का कार्य किया गया। इसी प्रकार अनूप कुमार कंप्यूटर सहायक प्रखंड चिनियाँ का भी उक्त फर्जी निकासी कार्य में संलिप्ता पाए जाने पर तत्काल प्रभाव से कार्य मुक्त कर दिया गया।
प्रखंड विकास पदाधिकारी, चिनियाँ के द्वारा पर्यवेक्षण एवं अनुश्रवण में लापरवाही के लिए उपायुक्त श्री यादव द्वारा उन्हें अपने कार्य प्रणाली में सुधार करते हुए योजनाओं का सफल संचालन करने की कठोर चेतावनी दी गई एवं भविष्य में इस प्रकार के कृत्य की पुनरावृति नहीं करने हेतु निदेशित किया गया। साथ ही सभी आरोपितों से राशि वसूलने संबंधित निर्देश दिये गयें।










