जम्मू-कश्मीर के अखनूर सेक्टर में मंगलवार को नियंत्रण रेखा (LOC) के पास हुए आईईडी विस्फोट में सेना के वीर योद्धा कैप्टन सरदार करमजीत सिंह बक्शी शहीद हो गए। इस हमले में दो अन्य सैनिक भी घायल हुए, जिनमें से एक ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। कैप्टन करमजीत सिंह हजारीबाग के निवासी थे और उनकी शहादत की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
कैप्टन करमजीत सिंह हाल ही में अपनी शादी की तैयारियों के लिए हजारीबाग आए थे और 10 दिन पहले ही वे ड्यूटी पर लौटे थे। उनके पिता अजिंदर सिंह बक्शी और मां नीलू बक्शी हजारीबाग के जुलू पार्क के पास रहते हैं और वहां क्वालिटी रेस्टोरेंट का संचालन करते हैं। करमजीत सिंह अपने परिवार के बड़े बेटे थे और उनकी शादी 5 अप्रैल को होने वाली थी। उनकी शहादत की खबर ने पूरे परिवार और क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है।
मिली जानकारी के अनुसार, अखनूर में तैनात कैप्टन करमजीत सिंह की टोली भट्टल इलाके में गश्त कर रही थी, तभी आतंकियों द्वारा लगाए गए आईईडी ब्लास्ट में वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। उनकी शहादत ने एक बार फिर से हमें यह याद दिलाया है कि हमारे सैनिक अपनी जान की बाजी लगाकर देश की सुरक्षा में जुटे रहते हैं।










