धनबाद : धनबाद पहुंची नेशनल कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स (NCPCR) दिल्ली की टीम ने बाल संप्रेक्षण गृह का निरीक्षण किया। वहां रह रहे बच्चों का हाल जाना। टीम वहां की वास्तुस्थिति को देख काफी नराजगी जताई।
स्टाफ को नहीं मालूम क्या है उनका दायित्व ?
टीम की सदस्य डॉ. दिव्या गुप्ता ने बताया कि प्रधानमंत्री के आदेश पर बाल संरक्षण आयोग की टीम पूरे देश में बाल सम्प्रेषण गृह का निरीक्षण कर रही है। उसी के नियमित उनकी टीम निरीक्षण करने पहुंची है। निरीक्षण के दौरान कई खामियां पाई गई है। यहां के स्टाफ को यह नहीं मालूम कि उनका दायित्व क्या है। यह गम्भीर विषय है। पत्राचार के माध्यम से जिले उपायुक्त व एसएसपी को इसकी जानकारी दी जाएगी। ताकि जल्द से जल्द उसे दूर कर लिया जाए।
बाल संप्रेक्षण गृह में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की नहीं है एक भी तस्वीर
उन्होंने कहा कि बाल संप्रेक्षण गृह में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की तस्वीर नहीं लगाई गई है। यह बहुत दुःखद है। झारखंड की बेटी राष्ट्रपति के पद पर आसीन है पर दुर्भाग्य की बात है कि किसी भी सरकारी दफ्तर में उनकी एक भी तस्वीर नहीं है। जबकि राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री का पद एक संवैधानिक पद है, जो किसी पार्टी का नहीं है। उसके बाद भी सरकारी दफ्तरों में इनकी तस्वीर नहीं है। इसके लिये वह मुख्यमंत्री को सूचित करेंगी।









