रांची/नई दिल्ली : भारतीय रेलवे को बेहतर बनाने के लिए स्टेशनों को रिडेवलपमेंट का कार्य शुरू किया है। इसी के तहत पीएम मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से देश को बड़ी सौगात दी। पीएम मोदी ने देश 508 रेलवे स्टेशनों की आधारशिला रखी है। इन स्टेशनों को वर्ल्ड क्लास सुविधाओं से जोड़ा जाएगा और ये देश के इंफ्रास्टक्चर, कल्चर और अन्य चीजों को भी बढ़ावा देंगे। रिडेवलपमेंट होने वाले रेलवे स्टेशन में झारखंड, असम, बिहार और आंध्र प्रदेश के 99 रेलवे स्टेशन हैं। इसमें झारखंड के 20 रेलवे स्टेशन शामिल हैं। इसमें रांची के हटिया और पिस्का समेत पूर्व मध्य रेलवे के धनबाद रेल मंडल में आने वाले कुल 15 स्टेशन शामिल हैं।
झारखंड के इन स्टेशनों का होगा कायाकल्प
प्रारंभिक तौर पर धनबाद मंडल मंडल के अंतर्गत चयनित चन्द्रपुरा, गोमो, कतरास, नगर उंटारी, गढ़वा टाउन, पहारपुर, पारसनाथ, हजारीबाग रोड, कोडरमा, लातेहार, डालटनगंज, गढ़वा रोड, बरकाकाना, रेनुकूट और चोपन स्टेशनों पर इस योजना के तहत विकास कार्य किया जाएगा। इस शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान सभी 15 स्टेशनों पर डेढ़ घंटे का कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके अलावा कोडरमा रेलवे स्टेशन के साथ-साथ खड़गपुर रेल मंडल के घाटशिला रेलवे स्टेशन का कायाकल्प होगा।
27 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश के रेलवे स्टेशनों का होगा कायाकल्प
भारतीय रेलवे स्टेशन 27 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में फैले रेलवे स्टेशनों के साथ यह स्मारकीय परियोजना अब तक की सबसे बड़ी आधारशिला रखने की प्रक्रिया है। बेहतर कनेक्टिविटी के लिए शहर के दोनों किनारों को जोड़ते हुए इन स्टेशनों को सिटी सेंटर में बदल दिया जाएगा। इससे रेलवे स्टेशनों के आसपास पूरे शहरी विकास को बढ़ावा मिलेगा।
कहां कितने रेलवे स्टेशन होंगे रिडेवल
अमृत भारत स्कीम के तहत 508 रेलवे स्टेशनों में से उत्तर प्रदेश और राजस्थान के सबसे ज्यादा रेलवे स्टेशनों का कायाकल्पत किया जाएगा। इसमें से पत्येक में 55 स्टेशनों का कायाकल्प किया जाएगा। वहीं बिहार के 49 स्टेशनों का कायाकल्प होगा, महाराष्ट्र के 44, पश्चिम बंगाल के 37 स्टेशनों का कायाकल्प किया जाएगा। इसके अलावा मध्य प्रदेश, असम, ओडिशा, पंजाब, गुजरात, तेलंगाना, झारखंड, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, हरियाणा और कर्नाटक राज्यों के रेलवे स्टेेशनों की भी तस्वीर बदली जाएगी।
वर्ल्ड क्लास सुविधाएं और डिजाइन
पुनर्विकास परियोजना के तहत इन रेलवे स्टेशनों पर आधुनिक सुविधाओं और अच्छी तरह से डिज़ाइन पेश की जाएगी। साथ ही यातायात कनेक्टिविटी को भी बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा, यातायात को लेकर भी खास बदलाव किया जाएगा। साथ ही विभिन्न परिवहन साधनों के एकीकरण से कनेक्टिविटी में और बढ़ोतरी होगी। इससे यात्रियों को बेहतर सुविधा का लाभ मिलेगा।










