सरायकेला खरसावां : जिले के राजनगर प्रखंड के तुमुंग पंचायत अंतर्गत अंतुसाई टोला बेल्डीह के ग्रामीण दुर्लभ जिंदगी जीने को मजबूर है। इन दिनों बेल्डीह गांव पेयजल संकट से त्राहिमाम कर रहा है। लगभग 70 से 80 परिवार घोर पेयजल संकट झेल रहा है। हालांकि पंचायत कोष से एक गाँव में एक सोलर जलमीनार लगा हुआ है। लेकिन वह भी पिछले वर्ष पूर्व आये ओलावृष्टि के बाद से खराब पड़ा हुआ है।
सोलर जलमीनार बना कुतुबमीनार
ओलावृष्टी ने मकानों के छत के साथ-साथ सोलर जलमीनार का सोलर प्लेट भी टूट गया था। तब से लेकर आज तक सोलर जलमीनार कुतुबमीनार बना हुआ है। या यूं कहें कि शोभा की वस्तु बनकर रह गई है। जिस कारण ग्रामीणों को लगभग 1 किलोमीटर दूर तुमुंग पहाड़ के नीचे एक कुएँ से पानी लाना पड़ रहा है। जाने के लिए रास्ता भी नहीं है। खेतों और पगडंडियों पर चल कर पानी लाते हैं। आस पास के तालाब भी सुख चुके हैं। इसलिए कुएँ में भी पानी लेने के लिए लंबी लाईन लगी रहती है।
25 फरवरी 2022 को गाँव में हुई थी ओलावृष्टि
बता दें कि 25 फरवरी 2022 को गाँव में बड़ी आफत यानी ओलावृष्टि हुई थी। इसकी सूचना मिलते ही स्थानीय विधायक सह मंत्री चम्पई सोरेन भी गांव पहुँचे थे। मंत्री ने पदाधिकारियों से जल्द से जल्द पीड़ित परिवार को मुआवजा मुहैया कराने को निर्देशित किया था। ग्रामीणों के मुताबिक पेयजल के लिए सोलर जलमीनार मरम्मती कराने के लिए पंचायत के मुखिया को भी जानकारी दी गई थी। परंतु इस पर अब तक कोई पहल नहीं हुआ।









