रांची : झारखंड विधानसभा की आगामी मानसून सत्र को लेकर स्पीकर रविन्द्र नाथ महतो की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय बैठक की जा रही है। बैठक में विधायक दल के नेता आलमगीर आलम भी मौजूद हैं। इस बैठक में कई विधायक शामिल हुए। बैठक में शामिल होने के लिए सभी दलों को आमंत्रित किया गया है। लेकिन भाजपा अब तक इस सर्वदलीय बैठक से दूरी बना कर रखा हुआ है। आज की बैठक के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों अलग-अलग बैठक करेंगे। इसके बाद 28 जुलाई से चार अगस्त तक सदन चलेगा।
इन दलों को भेजा गया है बैठक का निमंत्रण
विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो की अध्यक्षता में आज होने वाली बैठक के लिए कई दलों को निमंत्रण भेजा गया है। आज की बैठक में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, संसदीय कार्यमंत्री आलमगीर आलम, बीजेपी के सचेतक बिरंची नारायण, आजसू, भाकपा माले, एनसीपी और निर्दलीय विधायक समेत अन्य दलों के नेता को बुलाया गया है। हालांकि बीजेपी अब तक इस सर्वदलीय बैठक में शामिल नहीं हुआ है। सत्र को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष तैयारियों में जुट गया है। मॉनसून सत्र को लेकर 27 जुलाई को पक्ष और विपक्ष की अलग-अलग बैठक होगी। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में सत्ता पक्ष की बैठक होगी। जबकि बीजेपी विधायक दल की बैठक बाबूलाल मरांडी की अध्यक्षता में होगी।

लौटाए गए विधेयक फिर लाने की तैयारी
28 जुलाई से शुरू होने वाले मॉनसून सत्र में कई विधेयकों को सरकार फिर से ला सकती है। सूत्रों की मानें तो जिन विधेयकों पर राजभवन ने जिस तरह की आपत्ति के साथ सरकार को वापस किया था, उन आपत्तियों को दूर कर लिया गया है। बताया जा रहा है कि मॉब लिंचिंग विधेयक इन विधेयकों में अहम विधेयक है। इसके अतिरिक्त ओबीसी आरक्षण बिल, 1932 के खतियान आधारित स्थानीयता विधेयक, जैन विश्वविद्यालय विधेयक शामिल हैं।
झारखंड विधानसभा मानसून सत्र कार्यक्रम
- 28 जुलाई- विधानसभा के सत्र में नहीं रहने की अवधि में राज्यपाल द्वारा प्रख्यापित अध्यादेशों की प्रामाणिक कृतियों का सभा पटल पर रखा जाना. शोक प्रकाश
- 29 और 30 जुलाई- अवकाश
- 31 जुलाई- प्रश्न काल, वित्तीय वर्ष 2023-24 के प्रथम अनुपूरक व्यय विवरणी का उपस्थापन
- 01 अगस्त- प्रश्नकाल, वित्तीय वर्ष 2023 -24 के प्रथम अनुपूरक व्यय विवरणी पर सामान्य वाद-विवाद, मतदान, तत्संबंधी विनियोग विधेयक का उपस्थापन एवं पारण
- 02 अगस्त- प्रश्नकाल, राजकीय विधेयक एवं अन्य राजकीय कार्य
- 03 अगस्त- प्रश्नकाल, राजकीय विधेयक एवं अन्य राजकीय कार्य
- 04 अगस्त- प्रश्नकाल, राजकीय विधेयक एवं अन्य राजकीय कार्य, गैर सरकारी संकल्प
नेता प्रतिपक्ष को लेकर संशय बरकरार
पंचम विधानसभा में अब तक बगैर नेता प्रतिपक्ष के सदन चलता रहा है। अब तक विपक्ष के नेता का नाम साफ नहीं हो सका है। सदन संचालन को दो दिन बचे हैं। ऐसे में नेता प्रतिपक्ष को कौन होगा यह स्पष्ट नहीं हो सका है। गौरतलब है कि बीजेपी ने बाबूलाल मरांडी को भाजपा विधायक दल का नेता मनोनीत कर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के रूप में अनुशंसा कर रखी है। मगर स्पीकर कोर्ट में चल रहे दल बदल के मामले की वजह से बाबूलाल को नेता प्रतिपक्ष की स्वीकृति अब तक नहीं मिली है।










