◆ उपायुक्त ने जनसुनवाई के माध्यम से सुनी आमजनों की समस्याएं
◆ प्राप्त शिकायतों के समाधान हेतु संबंधित पदाधिकारियों को किया निदेशित
◆ जिले के सभी अनुमंडलों, प्रखंडों एवं अंचलों में भी नियमित रूप से मंगलवार एवं शुक्रवार को जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश
उपायुक्त गढ़वा अनन्य मित्तल (भा०प्र०से०) ने आज समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में जनसुनवाई का आयोजन किया। जनसुनवाई में आए फरियादियों की समस्याएं बारी-बारी से सुनी गई एवं उसके निष्पादन हेतु उपायुक्त ने संबंधित पदाधिकारी को निर्देश दिया। आज के जनसुनवाई में राशन, पेंशन, भूमि विवाद, अवैध कब्जा, आवास, मुआवजा, योजनाओं का लाभ, अतिक्रमण, रोजगार सृजन, बकाया मजदूरी भुगतान समेत अन्य समस्याओं को लेकर उपस्थित हुए आमजनों की समस्याओं को उपायुक्त द्वारा गंभीरता से बारी-बारी सुनी गई एवं यथाशीघ्र उनके समस्याओं के निराकरण करने हेतु संबंधित पदाधिकारियों को निदेशित किया गया।
उक्त जनसुनवाई में सदर प्रखंड के ग्राम रंका कला निवासी रविंद्र नाथ राम ने आवेदन देकर अपने निजी भूमि पर दबंगों द्वारा अतिक्रमण व कब्जा करने की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि उनकी भूमि पर उनका दखल कब्जा चलते आ रहा है। वर्तमान में इस जमीन पर विवाद के कारण सिविल कोर्ट गढ़वा का केस भी चल रहा है एवं धारा 163 एवं धारा 107 भी लागू है। इसके बावजूद भी उनके ही गांव के दबंगों द्वारा बलपूर्वक उनकी भूमि पर कब्जा करने का कार्य किया जा रहा है एवं विरोध करने पर मारपीट करने तथा जान से मारने की धमकी दी जा रही है। अत: उन्होंने उक्त भूमि पर दबंगों द्वारा किए गए अवैध दखल कब्जे पर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।

प्रखंड कार्यालय रमना के निलंबित जन सेवक राजीव कुमार ने आवेदन समर्पित करते हुए जीवन निर्वाह भत्ता नहीं मिलने की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि पिछले 8 माह से उन्हें जीवन निर्वाह भत्ता का भुगतान नहीं किया जा रहा है, जिसके कारण परिवारजनों का भरण पोषण, बच्चों के पढ़ाई एवं ईलाज का खर्च आदि बुनियादी आवश्यकताओं को भी पूरा नहीं कर पा रहे हैं एवं जीवन काटना मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि जीवन निर्वाह भत्ता के भुगतान हेतु पूर्व में मांग की गई थी परंतु कोई कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने विकट परिस्थितियों का हवाला देते हुए भुखमरी की स्थिति बताइ एवं जीवन निर्वाह भत्ता का भुगतान करने का आग्रह किया।

मंझिआंव प्रखंड के प्रमोद कुमार सिंह द्वारा आवेदन समर्पित करते हुए तालाब के कायाकल्प कार्य करने के विरुद्ध भुगतान प्रक्रिया लंबित होने की शिकायत की गई। उन्होंने बताया कि मंझिआंव प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत रामपुर में नीति आयोग द्वारा श्याम बिहारी का तालाब के कायाकल्प की स्वीकृति मिली थी, जिसका कार्य जनवरी 2026 में ही पूर्ण कर लिया गया है एवं भुगतान संबंधी आदेश भी प्राप्त है। इसके बावजूद भी अभी तक भुगतान नहीं किया गया है। अत: उन्होंने भुगतान प्रक्रिया शीघ्र कराने का अनुरोध किया है।

सदर प्रखंड के ही ग्राम ढोटी निवासी सोनू कुमार कुशवाहा ने आवेदन समर्पित करते हुए पैक्स में जमा किए गए धान के विरुद्ध राशि का भुगतान नहीं किए जाने की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि जाटा पैक्स में उन्होंने अपना धान जमा कराया था जिसका मैसेज 30 मार्च 2026 को आया है। पैक्स संचालक द्वारा राशि का भुगतान बाद में किए जाने की बात कह कर उन्हें लौटा दिया गया। परंतु इतने दिनों बाद भी उन्हें राशि का भुगतान नहीं किया जा रहा है एवं धान के बदले धान ले जाने की बात कही जा रही है। उन्होंने बताया कि पैक्स संचालक शिवनारायण मेहता एवं प्रदीप कुमार मेहता द्वारा स्वयं अंगूठा लगाकर उनके पैसे की निकासी कर ली गई है। अतः उन्होंने पैक्स में जमा किए गए धान के विरुद्ध पैसा दिलाने का अनुरोध किया है।
सदर प्रखंड के रंका कला निवासी राजेंद्र प्रसाद ने आवेदन समर्पित करते हुए अपने भूमि को ऑनलाइन करने हेतु अंचल कार्यालय को निर्देशित करने की बात कही। उन्होंने बताया कि उनकी भूमि को अंचल कार्यालय द्वारा ऑनलाइन नहीं किया जा रहा है जिसके कारण वे भूमि की बिक्री नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने पैसे की आवश्यकता की बात बताते हुए भूमि बिक्री करने हेतु अपने भूमि को ऑनलाइन करने का अनुरोध किया है।
इसी प्रकार जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए शेष अन्य लोगों ने भी अपनी-अपनी समस्याओं को बारी-बारी से उपायुक्त के समक्ष रखा। आमजनों से प्राप्त शिकायतों के समाधान हेतु उपायुक्त श्री मित्तल द्वारा संबंधित पदाधिकारीयों को आवश्यक कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही संबंधित विभागों के कार्यालय प्रधान को संवेदनशीलता एवं तत्परता के साथ आमजनों से प्राप्त लगभग 50 से अधिक आवेदन, शिकायतों व समस्याओं को निष्पादित करने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गयें।
उपायुक्त अनन्य मित्तल द्वारा सभी अनुमंडल पदाधिकारियों, प्रखंड विकास पदाधिकारियों एवं अंचल अधिकारियों को प्रत्येक मंगलवार एवं शुक्रवार को अपने-अपने कार्यालयों में नियमित रूप से जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित करने का निर्देश दिया गया है, ताकि आमजन की समस्याओं का शीघ्र, पारदर्शी एवं संवेदनशील तरीके से समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
उक्त निदेश के आलोक में जिला स्तर पर आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम के अतिरिक्त जिले के सभी अनुमंडल कार्यालयों, प्रखंड कार्यालयों एवं अंचल कार्यालयों में भी संबंधित पदाधिकारियों द्वारा जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित कर आमजनों की समस्याओं एवं शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुना गया एवं उपस्थित लोगों को उनकी समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी समाधान का भरोसा दिलाया गया।










