- उपायुक्त के निर्देश पर स्वास्थ्य संस्थानों का व्यापक निरीक्षण
- सिविल सर्जन एवं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों ने स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता का लिया जायजा
गढ़वा। उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी श्री अनन्य मित्तल के निर्देश के आलोक में सिविल सर्जन डॉ. जॉन एफ कैनेडी तथा विभिन्न प्रखंडों के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों द्वारा दिनांक 20 मई 2026 को जिले के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों का व्यापक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण का उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, दवा उपलब्धता, स्वास्थ्य कर्मियों की उपस्थिति, रजिस्टर संधारण एवं आधारभूत सुविधाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन करना तथा आवश्यक सुधार सुनिश्चित करना था। निरीक्षण के दौरान अधिकांश स्वास्थ्य केंद्रों में स्वास्थ्य सेवाएं संतोषजनक पाई गईं तथा कमियों को दूर करने हेतु संबंधित कर्मियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
*सीएचसी भंडरिया में निरीक्षण, शिकायतों के समाधान पर जोर*
आज निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन डॉ जॉन एफ कैनेडी द्वारा सीएचसी भंडरिया का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि डॉ. श्याम सुंदर पंडित लंबे समय से अनुपस्थित हैं। अन्य चिकित्सक एवं कर्मी उपस्थित मिले। कर्मियों द्वारा कुछ शिकायतें रखी गईं, जिनके त्वरित समाधान के लिए आवश्यक निर्देश दिए गए।

साथ ही आभा एवं आयुष्मान योजना के कार्यों में गति आने पर संतोष व्यक्त किया गया और प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को मरीजों के हित में संवेदनशील एवं प्रभावी कार्य सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
*दवा उपलब्धता एवं स्वास्थ्य सेवाएं संतोषजनक*
HWC बुलका, गम्हरिया एवं सोंदीहा का निरीक्षण प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर रत्नेश कुमार एवं डॉ. सरफराज द्वारा किया गया। निरीक्षण में पाया गया कि सभी केंद्रों में दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध थीं तथा मरीजों को दी जा रही दवाओं में कोई भी एक्सपायर्ड दवा नहीं पाई गई।

हालांकि HWC सोंदीहा में आयरन दवा उपलब्ध नहीं थी, जिस पर संबंधित एएनएम को सीएचसी धुरकी स्टोर से दवा उठाव करने का निर्देश दिया गया। वहीं HWC गम्हरिया में दवा भंडारण सुव्यवस्थित नहीं पाया गया, जिसे तत्काल व्यवस्थित रखने का निर्देश दिया गया। ओपीडी, स्टॉक, डिलीवरी सहित सभी आवश्यक रजिस्टर अद्यतन पाए गए तथा सभी स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित थे। बिजली एवं इनवर्टर की व्यवस्था मौजूद थी, हालांकि मीटर किसी भी केंद्र में स्थापित नहीं पाया गया।
*मकरी एवं रोहनिया आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में सुविधाएं उपलब्ध*
डॉ. सूर्यकांत कुमार राज, चिकित्सा पदाधिकारी भवनाथपुर द्वारा आयुष्मान आरोग्य मंदिर मकरी एवं रोहनिया का निरीक्षण किया गया। दोनों केंद्रों में सभी प्रकार की दवाएं, आयरन-फोलिक एसिड एवं कैल्सियम सहित उपलब्ध पाई गईं। वहीं सीएचओ एवं एएनएम उपस्थित थीं तथा सभी रजिस्टर व्यवस्थित पाए गए। बिजली, पानी एवं इनवर्टर-बैटरी की व्यवस्था उपलब्ध थी, हालांकि बिजली मीटर स्थापित नहीं पाया गया।
*कंजिया, सरायडीह एवं रोडो में निरीक्षण*
वहीं HWC कंजिया, सरायडीह एवं रोडो का निरीक्षण प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी संजय कुमार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भंडारिया द्वारा किया गया। निरीक्षण में दवा की उपलब्धता पर्याप्त पाई गई। HWC सरायडीह में ओपीडी क्रमांक संधारण में त्रुटि पाई गई, जिसे मौके पर ही सुधार कराया गया और संबंधित सीएचओ को भविष्य में सावधानी बरतने का निर्देश दिया गया।
HWC रोडो में दवा भंडारण अव्यवस्थित पाया गया, जिसे व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए। ओपीडी, स्टॉक, डिलीवरी, एएनसी एवं एनसीडी रजिस्टर सहित सभी अभिलेख सही एवं अद्यतन पाए गए तथा सभी स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित मिले।
*नगर उंटारी क्षेत्र में निरीक्षण, बंद मिला हरडाग केंद्र*
नगर उंटारी क्षेत्र अंतर्गत AAM हरदाग, AAM मरवनिया एवं CHC रमना का निरीक्षण प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी सुचित्रा कुमारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नगर उंटारी के द्वारा किया गया। निरीक्षण के दौरान हरदाग केंद्र बंद पाया गया, जबकि अन्य केंद्रों पर कर्मी उपस्थित थे। भवन, बिजली एवं पानी की व्यवस्था संतोषजनक पायी गई। दवा भंडारण में कुछ त्रुटियां मिलीं जिन्हें तत्काल सुधार कराया गया। आयरन एवं कैल्सियम की दवाएं पर्याप्त मात्रा में मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही थीं तथा सभी आवश्यक दवाएं उपलब्ध पाई गईं।

*चिनियाँ एवं आसपास के स्वास्थ्य संस्थानों का निरीक्षण*
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी रंका के अवकाश में रहने के कारण डॉ. पल्लवी कुमारी, चिकित्सा पदाधिकारी, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र चिनियाँ द्वारा विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों का निरीक्षण किया गया।
प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र चिनियाँ में ओपीडी, दवा वितरण एवं साफ-सफाई की समीक्षा की गई। निरीक्षण के दौरान डॉ. गोरखनाथ पाण्डेय मरीजों का उपचार करते हुए पाए गए। उपस्थिति पंजी के अवलोकन में अधिकांश कर्मी उपस्थित मिले, जबकि वेंकटेश्वर नारायण, फार्मासिस्ट निर्धारित समय तक अनुपस्थित पाए गए। बाद में उपस्थित होने पर उनके द्वारा निरीक्षण के दौरान अनुचित व्यवहार की घटना दर्ज की गई।
वहीं निरीक्षण के क्रम में आयुष्मान आरोग्य मंदिर रनपुरा में सीएचओ उपस्थित थीं, जबकि एएनएम उपस्थिति विवरणी जमा करने गई थीं। केंद्र नए भवन में संचालित पाया गया, परंतु पानी की आपूर्ति मोटर चोरी होने के कारण बाधित थी।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर बान्दु में एएनएम उपस्थित थीं, जबकि एक कर्मी निरीक्षण समय पर अनुपस्थित पाई गईं। बिजली एवं इनवर्टर की सुविधा उपलब्ध थी तथा केंद्र को नए भवन में पूर्ण रूप से स्थानांतरित करने के निर्देश दिए गए।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर गोदरमाना में कर्मियों की उपस्थिति संतोषजनक रही, लेकिन पानी की समस्या सामने आई। बोरिंग उपलब्ध नहीं होने तथा चापाकल से गंदा पानी आने की जानकारी मिली।
*स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में प्रशासन प्रतिबद्ध*
उपायुक्त के निर्देश एवं सिविल सर्जन डॉ. जॉन एफ कैनेडी के नेतृत्व में किए गए इस निरीक्षण अभियान से स्पष्ट है कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है। अधिकांश केंद्रों में दवा उपलब्धता, रजिस्टर संधारण एवं कर्मियों की उपस्थिति संतोषजनक पाई गई, जबकि जहां कमियां मिलीं वहां तत्काल सुधारात्मक निर्देश जारी किए गए।
जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य स्वास्थ्य संस्थानों में पारदर्शी, जवाबदेह और मरीज-केंद्रित स्वास्थ्य व्यवस्था स्थापित करना है, ताकि आमजन को गुणवत्तापूर्ण एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित की जा सकें।










