- मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन पहुंचे गिरिडीह। राज्य के मंत्री रहे स्मृति-शेष स्व० सुदिव्य कुमार सोनू जी के श्राद्ध कर्म में हुए सम्मिलित।
=========================== - स्मृति-शेष स्व० सुदिव्य कुमार सोनू जी के हरसिंहरायडीह स्थित आवास में उनकी तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी।
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★ स्मृति-शेष स्व० सुदिव्य भैया नहीं रहते हुए भी प्रेरणा पुंज के रूप में रहेंगे*
*श्री हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री, झारखण्ड।*
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मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन आज गिरिडीह के हरसिंहरायडीह स्थित स्मृति-शेष पूर्व कैबिनेट मंत्री स्व० सुदिव्य कुमार सोनू जी के आवास पहुंचे। झारखंड मंत्रीमंडल के सदस्य एवं जनसेवा के समर्पित सहयोगी स्मृति-शेष सुदिव्य कुमार सोनू जी के असामयिक निधन से शोकाकुल मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन द्वादशकर्म कार्यक्रम में सम्मिलित हुए और उनके तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस भावुक क्षण में मुख्यमंत्री ने दिवंगत मंत्री के परिजनों ,शोक-संतप्त पत्नी, पुत्र, पुत्री से मुलाकात कर अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोकाकुल परिवार को इस कठिन समय में असहनीय दु:ख को सहने की शक्ति, धैर्य और संबल प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की।

*मीडिया से बातचीत*के क्रम में मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि बड़े भाई सुदिव्य कुमार सोनू जी के असामयिक घटना से हम सभी अवगत हैं। आज विधिवत रीति-रिवाज के साथ द्वादशकर्म कार्यक्रम किए जा रहे हैं। हमलोगों ने उन्हें अंतिम विदाई दी। यह घटना बहुत ही दु:खद है। राज्य के लिए अपूरणीय क्षति है, इसकी भरपाई करना बहुत ही कठिन है। मंत्री रहते हुए सुदिव्य कुमार सोनू जी की बड़ी सक्रियता थी, उनकी सक्रियता एवं व्यक्तित्व किसी से छिपा नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे व्यक्ति की आवश्यकता समाज और राज्य को हमेशा रहती है। उनके जैसा हौसला और जुनून चाहिए। सोनू जी में सारे भाव व लक्षण थे। एक लंबे समय के बाद उन्होंने राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में दिशा देने का भी काम किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी भी मन मानने को तैयार नहीं है, कि वे हमारे बीच नहीं हैं। विधि के विधान को न हम टाल सकते हैं और न ही कोई और। इस विधान के साथ हम सभी को चलना है। उन्होंने कहा कि दलगत भावना से ऊपर उठकर लोग उनके द्वादशकर्म में यहां पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि सुदिव्य सोनू जी व्यक्तित्व के धनी रहे हैं। उन्होंने सभी लोगों, सभी वर्गों की समस्या और अपनी पहचान को लेकर आगे बढ़ते रहे हैं। हमारे बीच नहीं रहते हुए भी वे एक मिसाल के तौर पर कायम रहेंगे। हमसभी लोग ईश्वर से प्रार्थना करें कि उनकी आत्मा को श्री चरणों में स्थान दें। दु:ख की इस घड़ी में हमसभी उनके समस्त परिजनों के साथ हैं। मुख्यमंत्री ने स्मृति-शेष सुदिव्य कुमार सोनू के द्वादशकर्म में सम्मिलित होने पहुंचे सभी आमलोगों से मिलकर भी ढांढ़स बंधाया।

*विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन* ने भी स्मृति-शेष स्व० सुदिव्य कुमार के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने शोक-संतप्त परिजनों से मुलाकात कर अपनी संवेदना व्यक्त की तथा ईश्वर से इस कठिन समय में दुःख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।

द्वादशकर्म में मंत्रिमंडल के अन्य मंत्रीगण, राज्यसभा सांसदगण, विधायकगण, मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, राज्य सरकार के वरिष्ठ पदाधिकारी, गिरिडीह जिला प्रशासन के अधिकारी, जनप्रतिनिधि, स्थानीय नागरिक तथा बड़ी संख्या में उनके समर्थक एवं चाहने वाले लोग शामिल होकर दिवंगत मंत्री स्वर्गीय सुदिव्य कुमार को नम आंखों से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
*स्मृति-शेष सुदिव्य कुमार को भावभीनी श्रद्धांजलि। सादर नमन!*










